
व्याख्यान देते शैलेश भारतवासी
नई दिल्ली।
केंद्रीय हिंदी प्रशिक्षण संस्थान के 2-ए, पृथ्वी राज रोड स्थित केन्द्र पर पांच दिवसीय पुनश्चर्या कार्यक्रम का आयोजन दिनांक 15 जून 2009 से 19 जून 2009 तक हुआ, जिसमें देशभर के 16 सहायक निदेशक(भाषा) ने प्रतिभागिता की। राष्ट्रीय प्रशिक्षण नीति के अंतर्गत चलाए गए इस पुनश्चर्या कार्यक्रम में जहां प्रशासनिक, वित्तीय, प्रबंधन, टीम भावना आदि सेवा से जुड़े अनेक विषय रखे गए वहीं हिन्दी भाषा शिक्षण में इंटरनेट की भूमिका पर भी व्याख्यान रखा गया जिसे प्रतिभागियों ने काफी सराहा। 'हिन्दी भाषा शिक्षण में इंटरनेट की भूमिका' विषय पर हिन्द-युग्म के संपादक शैलेश भारतवासी ने व्यखयान दिया। भारतवासी ने विषय के अतिरिक्त पॉवर प्वाइंट प्रस्तुतिकरण के माध्यम से हिन्दी भाषा-साहित्य की इंटरनेट पर स्थिति, सरल यूनिकोड टाइपिंग इत्यादि पर अपने विचार देये और अनुभव बाँटा।
जहां इस कार्यक्रम का उद्घाटन कें.हिं. प्र. सं. की निदेशक श्रीमती मोहिनी हिंगोरानी ने किया वहीं समापन अवसर पर असम कैडर के पूर्व आई.ए. एस. श्री जे.पी. सिंह जी मुख्य अतिथि के रूप में पधारे और अपने कर कमलों से प्रतिभागियों को प्रमाण-पत्र प्रदान किए। उन्होंने अपने आशीर्वचन में भारतीय संस्कृति के उन तत्वों पर प्रकाश डाला जिसमें आधुनिक विज्ञान के बीज पाए जाते हैं।
इस कार्यक्रम का संचालन संस्थान के संयुक्त निदेशक श्री एम. एस. दोहरे ने किया व धन्यवाद ज्ञापन सहायक निदेशक श्री शमशेर अहमद खान ने किया।
इस कार्यक्रम की सफलता में संस्थान की निदेशक श्रीमती मोहिनी हिंगोरानी का कुशल नेतृत्व था।

मुख्य अतिथि श्री जे.पी. सिंह और संस्थान निदेशक मोहिनी हिंगोरानी

अतिथि का सम्मान

वक्तव्य देतीं संस्थान प्रमुख मोहिनी हिंगोरानी

प्रतिभागी प्रशिक्षु

प्रतिभागी प्रशिक्षु
प्रस्तुति- शमशेर अहमद खान




